कैथोलिक बिशप्स कॉन्फ्रेंस ऑफ़ इंडिया (CBCI) ने सुप्रीम कोर्ट के उस निर्देश पर "गहरा दुख" जताया है, जिसमें 15 साल की नाबालिग की 30-हफ़्ते की प्रेग्नेंसी को खत्म करने की इजाज़त दी गई है। CBCI ने इसे मेडिकल नैतिकता और जीवन के संवैधानिक अधिकार का उल्लंघन बताया है।