पोप लियो ने उदूपी धर्मप्रांत के नये धर्माध्यक्ष की नियुक्ति की
पोप लियो 14वें ने माननीय फादर लेसली क्लिफोर्ड डीसूजा को उदूपी धर्मप्रांत का नया धर्माध्यक्ष नियुक्त किया। वे इस समय उदूपी में स्वास्थ्य की माता मरियम पल्ली के पल्ली पुरोहित के रूप में अपनी सेवा दे रहे थे।
नियुक्ति की घोषणा पोप लियो 14वें ने शनिवार 31 जनवरी 2026 को, उदूपी धर्मप्रांत के प्रेरितिक प्रशासक मोनसिन्योर जेलार्ड ऐजक लोबो के इस्तीफे को स्वीकार करते हुए की।
नवनियुक्त धर्माध्यक्ष लेसली क्लिफोर्ड डीसूजा का जन्म 19 अगस्त 1962 को कर्नाटक स्थित उदूपी धर्मप्रांत के येरमल में हुआ था।
उन्होंने परमधर्मपीठीय उर्बानियन विश्वविद्यालय रोम से ईशशास्त्र की पढ़ाई और लाईसेंसिएट एवं डॉक्ट्रेट की डिग्री बेलजियम के लुवेन काथलिक विश्वविद्यालय से हासिल की है।
उनका पुरोहिताभिषेक 10 मई 1990 को मैंगलोर धर्मप्रांत के लिए हुआ था और बाद में उन्होंने उदूपी धर्मप्रांत को अपनाया।
उन्होंने निम्नलिखित पदों पर रहकर अपनी सेवाएँ दी हैं : उदूपी के कुंडापुर स्थित पवित्र रोजरी पल्ली के सहायक पल्ली पुरोहित (1990-1992); मैंगलोर के कुलशेकर स्थिति पवित्र क्रूस पल्ली के सहायक पल्ली पुरोहित (1992-1995); मैंगलोर के संत जोसेफ अंतर-धर्मप्रांतीय सेमिनरी में नैतिक ईशशास्त्र के प्रोफेसर (2003-2010); पंगाला के संत योहन सुसमाचार लेखक पल्ली के पल्ली पुरोहित (2010-2017); कलिनपुर में पवित्र रोजरी की माता मरियम पल्ली के पल्ली पुरोहित (2017-2023); और 2023 से शिरवा में स्वास्थ्य की हमारी माता मरियम पल्ली के पल्ली पुरोहित एवं शिरवा डीनरी के डीन के रूप में अपनी सेवा दे रहे हैं।
इनके अवाला वे इस समय धर्मप्रांत के पुरोहित कौंसिल के सदस्य हैं एवं कलीसियाई अदालत में वकील की जिम्मेदारी भी संभाल रहे हैं।